जांजगीर-चांपा: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में मंदिरों में हुई सिलसिलेवार चोरी की वारदातों का पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि मामले में एक विधि विरुद्ध संघर्षरत बालक की संलिप्तता भी सामने आई है। आरोपियों के कब्जे से चोरी गया करीब 16 लाख 60 हजार रुपये का सामान शत-प्रतिशत बरामद कर लिया गया है।
तीन मंदिरों को बनाया था निशाना
पुलिस के अनुसार, 1 और 2 अगस्त की दरमियानी रात चोरों ने बम्हनीडीह थाना क्षेत्र के रामजानकी मंदिर, नवागढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम महंत स्थित चंडी दाई मंदिर और ग्राम जगमहंत के बद्री विशाल मंदिर में चोरी की वारदात को अंजाम दिया था।
आरोपी मंदिरों से चांदी के छत्र, नौ चांदी के मुकुट, सोने के आभूषण, दान पेटी और नकदी लेकर फरार हो गए थे। लगातार तीन मंदिरों में हुई चोरी से क्षेत्र में हड़कंप मच गया था।
100 से ज्यादा CCTV फुटेज खंगाले
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय ने स्वयं घटनास्थलों का निरीक्षण किया और साइबर टीम सहित नवागढ़ एवं बम्हनीडीह थाना पुलिस को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के संभावित रास्तों पर लगे 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में एक मोटरसाइकिल पर सवार चार संदिग्ध दिखाई दिए, जिसके आधार पर पुलिस ने तकनीकी और मैनुअल इनपुट की मदद से आरोपियों तक पहुंच बनाई।
तीन आरोपी गिरफ्तार, चोरी का पूरा माल बरामद
पुलिस ने घुटिया गांव निवासी प्रशांत पटेल, प्रभात पटेल और परमानंद पटेल को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने चोरी की वारदात स्वीकार कर ली।
उनकी निशानदेही पर घर के पीछे गड्ढे में छिपाकर रखा गया चोरी का पूरा सामान, वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल और इलेक्ट्रॉनिक कटर बरामद किया गया। पुलिस ने बताया कि चोरी गया शत-प्रतिशत माल बरामद कर लिया गया है।
कर्ज से परेशान होकर रची थी साजिश
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे भारी कर्ज में डूबे हुए थे। आर्थिक तंगी से निकलने के लिए उन्होंने मंदिरों में चोरी की योजना बनाई और लगातार तीन मंदिरों को निशाना बनाया।
फिलहाल पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आरोपियों का किसी अन्य चोरी की वारदात से भी संबंध है या नहीं।



