लंदन, 21 अगस्त 2026। पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में कथित मानवाधिकार उल्लंघनों को लेकर United Kashmir People’s National Party (UKPNP) ने चिंता जताई है। संगठन ने संयुक्त राष्ट्र (UN) और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है।
UKPNP के प्रवक्ता सरदार नासिर अजीज खान के अनुसार, क्षेत्र में शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों और आम नागरिकों के खिलाफ कथित तौर पर अत्यधिक बल प्रयोग, गिरफ्तारियों और अन्य प्रतिबंधों की खबरें सामने आ रही हैं। संगठन ने इन घटनाओं की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जांच और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की है।
नागरिकों की मौत और गिरफ्तारियों पर जताई चिंता
UKPNP ने दावा किया है कि 5 जून 2026 से अब तक दर्जनों कश्मीरियों की मौत हुई है, जबकि बड़ी संख्या में लोगों को गिरफ्तार या हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई है। संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि कई परिवार अपने लापता या हिरासत में लिए गए परिजनों की जानकारी के लिए परेशान हैं। हालांकि, ये आंकड़े और आरोप UKPNP द्वारा साझा की गई जानकारी पर आधारित हैं।
संगठन ने कथित तौर पर जबरन गायब किए गए लोगों के बारे में जानकारी सार्वजनिक करने, गैरकानूनी हिरासत में रखे गए लोगों को रिहा करने और गिरफ्तार प्रदर्शनकारियों को उचित कानूनी प्रक्रिया के तहत अदालत में पेश करने की मांग की है।
इंटरनेट और मोबाइल सेवाएं बहाल करने की मांग
UKPNP ने PoJK में इंटरनेट, मोबाइल नेटवर्क और अन्य संचार सेवाओं को तत्काल बहाल करने की अपील की है। संगठन का कहना है कि संचार सेवाओं पर प्रतिबंध के कारण स्थानीय लोगों के साथ-साथ विदेशों में रहने वाले कश्मीरी परिवारों को भी अपने परिजनों से संपर्क करने में परेशानी हो रही है।
इसके अलावा संगठन ने कर्फ्यू और आवाजाही पर लगी पाबंदियां हटाने, सड़कों पर लगाए गए अवरोधों को हटाने और नागरिक इलाकों से अतिरिक्त सुरक्षा बलों की वापसी की भी मांग की है।
UN और अंतरराष्ट्रीय संगठनों से निगरानी की अपील
UKPNP ने संयुक्त राष्ट्र, अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों और लोकतांत्रिक संस्थाओं से PoJK की स्थिति पर नजर रखने की अपील की है। संगठन ने अंतरराष्ट्रीय मीडिया और स्वतंत्र पर्यवेक्षकों को क्षेत्र में पहुंच देने तथा मानवाधिकार स्थिति का स्वतंत्र आकलन करने की मांग भी रखी है।
UKPNP का कहना है कि पाकिस्तान संयुक्त राष्ट्र का सदस्य और प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार समझौतों का पक्षकार है, इसलिए उसे मौलिक मानवाधिकारों की रक्षा और कानून के शासन को सुनिश्चित करना चाहिए। संगठन ने शांतिपूर्ण सभा, अभिव्यक्ति और संगठन की स्वतंत्रता की गारंटी देने की भी मांग की है।
फिलहाल PoJK की स्थिति को लेकर UKPNP की ओर से अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश की जा रही है। संगठन ने नागरिकों की सुरक्षा, पारदर्शी जांच और राजनीतिक संवाद के जरिए स्थिति का शांतिपूर्ण समाधान निकालने पर जोर दिया है।
मुख्य स्रोत: एशियन न्यूज इंटरनेशनल (ANI)



