अंबिकापुर। सरगुजा जिले के गांधीनगर थाना क्षेत्र में खुद को एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) का अधिकारी बताकर जिला आबकारी अधिकारी से शराब और नकदी की मांग करने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने निरीक्षण के नाम पर मुफ्त में शराब हासिल करने की साजिश रची थी, जिसका पुलिस ने समय रहते पर्दाफाश कर दिया।
जानकारी के अनुसार, जिला आबकारी अधिकारी लक्ष्मीकांत गायकवाड़ ने गांधीनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई कि 27 जुलाई को एक अज्ञात व्यक्ति ने मोबाइल फोन पर स्वयं को एसीबी अधिकारी बताते हुए कहा कि बाहर से अधिकारी निरीक्षण के लिए आ रहे हैं। उसने रेस्ट हाउस में व्यवस्था के नाम पर तत्काल छह बोतल शराब और नकद राशि उपलब्ध कराने की मांग की।
फोन पर हुई बातचीत संदिग्ध लगने पर आबकारी अधिकारी ने न तो शराब उपलब्ध कराई और न ही कोई नकद राशि दी। इसके बजाय उन्होंने तत्काल पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी।
शिकायत मिलते ही गांधीनगर पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने सौरभ प्रजापति (24) को हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि उसने अपने साथियों राजेशपुरी गोस्वामी (43) और रंजीत गुप्ता (40) के साथ मिलकर आबकारी विभाग से मुफ्त में शराब लेने के उद्देश्य से फर्जी एसीबी अधिकारी बनकर फोन किया था।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में अन्य साक्ष्य भी जुटाए जा रहे हैं और पुलिस पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कर रही है।
पुलिस ने आम लोगों और सरकारी अधिकारियों से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति स्वयं को किसी सरकारी एजेंसी का अधिकारी बताकर अवैध मांग करता है, तो उसकी पहचान की पुष्टि किए बिना कोई वस्तु या राशि उपलब्ध न कराएं तथा तत्काल पुलिस को सूचना दें।





